न्यूज कुंज।
Jind railway junction : हरियाणा के जींद में रेलवे जंक्शन पर देर शाम और रात को सुविधाओं का जायजा लेने के लिए हमारी टीम ने विजिट की तो जमीनी सच निकल कर सामने आया। यहां रेल की पटरियां शार्टकट बन रही हैं तो वहीं पीने का ठंडा पानी तक नहीं है। वहीं पंखों की कमी से यात्री परेशान नजर आते हैं।
मंगलवार की रात को घड़ी में आठ बजकर पांच मिनट का समय है। कार्यालय से रेलवे जंक्शन की ओर चल पड़ते हैं। करीब 25 मिनट के बाद संवाददाता रात साढ़े आठ बजे रेलवे जंक्शन पर पहुंचते हैं। काउंटर पर एक महिला कर्मचारी ड्यूटी दे रही थी, जबकि दो काउंटर बंद थे। इसके अलावा तीन आटोमैटिक टिकट वेडिंग मशीन में एक ही मशीन काम कर रही थी। प्रवेश द्वार व प्लेटफार्म नंबर एक पर यात्री धरती पर बैठकर और लेट कर ट्रेन का इंतजार कर रहे हैं।

रात आठ बजकर 40 मिनट पर अमृतसर-हजूर साहिब नांदेड़ एक्सप्रेस ट्रेन प्लेटफार्म नंबर एक पर आती है। इस दौरान कुछ यात्री ट्रेन से उतरते हैं तो कुछ यात्री ट्रेन में चढ़ते हैं। दो मिनट ठहराव के बाद ट्रेन दिल्ली की ओर प्रस्थान करती है। पौने नौ बजे प्लेटफार्म नंबर चार पर ट्रेन नंबर 14023 पुरानी दिल्ली-कुरुक्षेत्र एक्सप्रेस ट्रेन प्लेटफार्म नंबर चार पर आती है। जैसे ही ट्रेन प्लेटफार्म पर पहुंचते समय थोड़ी धीरे होती है तो कुछ यात्री चलती ट्रेन से उतर जाते हैं तो कुछ यात्री चलती ट्रेन में चढ़ने का प्रयास करते हैं।
जैसे ही ट्रेन प्लेटफार्म नंबर चार पर रुकती है तो भारी संख्या में यात्री ट्रेन से उतरते हैं और वे प्लेटफार्म नंबर एक पर आने के लिए सीढ़ियों का प्रयोग नहीं कर पटरियों के रास्ते उतरते हैं। यात्री जल्दबाजी में खुद की जान जोखिम में डालकर एक प्लेटफार्म से दूसरे प्लेटफार्म पर जाने के लिए ट्रैक वाले रास्ते से आ-जा रहे हैं।

Jind railway junction : नौ बजकर पांच मिनट पर आती है जींद-जाखल पैसेंजर ट्रेन
रात के नौ बजकर पांच मिनट का समय होता है। कुरुक्षेत्र से चलकर ट्रेन जाखल जाने के लिए जींद जंक्शन के प्लेटफार्म नंबर दो पर पहुंचती है। इस दौरान ट्रेन में बैठा एक यात्री एक डिब्बे की सारी खिड़कियों को बंद करता है। ट्रेन लगभग 25 मिनट पर वहीं रुकी रहती है। वहीं रात सवा नौ बजे प्लेटफार्म नंबर चार पर एक मालगाड़ी आकर रुकती है। वहीं नौ बजकर 20 मिनट पर प्लेटफार्म भी एक माल गाड़ी आकर रुकती है।
Jind railway junction : प्लेटफार्म नंबर दो पर यात्रियों के लिए नहीं पंखे
प्लेटफार्म नंबर एक पर यात्रियों के लिए 12 पंखे लगे हुए हैं। रात के समय भी गर्मी ज्यादा है, जिसके चलने का ज्यादा पता नहीं लग रहा है। कुछ यात्री प्लेटफार्म नंबर एक पर बने पार्क में बैठे हैं। वहीं प्लेटफार्म नंबर एक पर 12 पंखों में से एक पंखे की पंखड़ी टूटी हुई है। वहीं प्लेटफार्म नंबर दो व चार साथ-साथ हैं, जहां यात्रियों के लिए एक भी पंखा नहीं लगा हुआ है। वहीं जंक्शन परिसर में लगी टंकियों से गर्म पानी आता है।


